भाजपा में कुछ अंदर तो कुछ बाहर,उभरने लगे विरोध के स्वर

नियुक्ति के तीन माह बाद जिला अध्यक्ष ने की कार्यकारणी घोषित ( डा.एल.एन.वैष्णव )

दमोह/12/03/2016 भारतीय जनता पार्टी की जिला कार्यकारणी की घोषणा हो चुकी है जिला अध्यक्ष द्वारा अपनी नियुक्ति के लगभग तीन माह बीतने के बाद कार्यकारणी की घोषणा कर दी। जहां अटलकलों का बजार बंद हुआ तो वहीं प्रश्रों के साथ अंदरूनी विरोध के स्वर उभरने लगे हैं? अपनी-अपनी दावेदारी के साथ जो नेता पदाधिकारी बनने के प्रयास में लगे थे एैसे अनेकों को निराशा हाथ लगी तो वहीं दूसरी ओर कुछ को प्रसन्नता मिली है। हालांकि सबके अपने-अपने दावे हैं तो आरोप भी लगने प्रारंभ हो चुके हैं भले ही इस बात से कोई सार्वजनिक रूप से इंकार करे परन्तु अंदरूनी कलह की भनक सबको लगने लगी है? देव की सेना- भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष देव नारायण श्रीवास्तव ने 8 उपाध्यक्ष,3 महामंत्री,7 जिला मंत्री,1 कोषाध्यक्ष,1 कार्यालय मंत्री,1 मीडिया प्रभारी सहित जिला कार्यकारणी सदस्यों के साथ ही आमंत्रित सदस्यों के नामों की घोषणा कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार उपाध्यक्ष बहादुर पटैल ,अखिलेश हजारी,आलोक गोस्वामी,श्रीमती सुधा झारिया,करन सींग लोधी,कमल सिंघई,सुरेश पटैल,श्रीमती रामकली तंतुवाय को बनाया गया है। इसी क्रम में महामंत्री रमन खत्री,गंगाराम अहिरवार,धमेन्द्र भाव सिंह लोधी को बनाया गया है। जिला मंत्री खडग सींग आदिवासी,रेवाराम पटैल,श्रीमती श्यामा उरैती,श्रीमती कविता बडकुल,गनेश यादव,श्रीमती बर्षा रैकवार,श्रीमती गिरजा साहू को एवं कोषाध्यक्ष मनोहर खत्री,कार्यालय मंत्री राजकुमार मिश्रा के साथ ही कपिल सोनी को मीडिया प्रभारी बनाया गया है। जिला कार्यकारणी सदस्य- पूर्व महामंत्री सतीश तिवारी,मनीष सोनी,सीताराम राठौर,विनोद श्रीवास्तव,मुकेश यादव,माणिकचंद सचदेव,कैलाश चौरसिया,रामरानी शुक्ला,श्रीमती सावित्री उपाध्याय,प्रहलाद भुटयानी,रमेश तिवारी,दीपक उपाध्याय,श्रीमती रानू बाजपेयी,रामु कुसमरिया,गोविन्द पाठक,श्रीमती रीता दुबे जैसे प्रमुख नाम सम्मिलित है। इसी क्रम में विशेष आमंत्रित सदस्यों में भारतीय जनता पार्टी समर्थित नगरपालिका,नगर परिषद,जनपद पंचायत अध्यक्ष उपाध्यक्ष के नाम हैं। सिद्धार्थ मलैया,प्रभात सेठ,मनीष तिवारी,नरेन्द्र चंदेल,धरमदास नामदेव,रूपेश सेन,भरत शिवहरे के साथ सांसद,तीनो विधायक,पूर्व मंत्री,जिला अध्यक्ष,पूर्व विधायकों के नाम भी सम्मिलित हैं। सेवा का सम्मान या फिर ?- देव की सेना में रमन खत्री को पुन: महामंत्री की कमान सौंपी गयी है। यह तीसरा कार्यकाल होगा वह भी लगातार श्री खत्री का जब वह तीसरे जिलाध्यक्ष के साथ करेंगे। मिलनसार एवं क्षेत्रीय विधायक एवं प्रदेश के कदवर मंत्री जयंत मलैया के नजदीकी माने जाते हैं। वहीं गंगाराम अहिरवार भाजपा के पुराने कार्यकर्ता हैं तथा मोर्चा प्रकोष्ठ के पदों पर रह चुके हैं। इसी क्रम मे एक नया नाम सामने आया है जो कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग बौद्धिक प्रमुख का दायित्व निभा रहे हैं धमेन्द्र सिंह लोधी का जिनके पिता हाल ही में महामंत्री का दायित्व निभा रहे थे। धमेन्द्र सिंह लोधी का नाम अचानक भाजपा में आना और वह भी सीधे महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलना निश्चित रूप से कुछ लोगों को हजम नहीं हो रहा है। आरएसएस की पृष्ठ भूमि के कारण उनका कार्य करने की शैली कुछ अलग होगी लेकिन अभी यह तय नहीं हो पा रहा है कि वह संघ के पद पर रहते हुये भाजपा में आये या फिर संघ की सहमति से दायित्व मुक्त होकर आये? बात करें मीडिया प्रभारी की तो यह तो एक दम साफ है कि इनका संबध या कार्य कभी पत्रकारिता और मीडिया से संबधित नहीं रहा परन्तु पिछले कार्यकाल में इन्होने सार्वजनिक कार्यक्रम पार्टी के समारोहों को भी अपनी स्वयं की दृष्ट्रि से दिखलाया जिसमें बरिष्ठ पदाधिकारी की बात हो या फिर सत्ताधारियों की सब इनके बाद ही लिखे-दिखे बतलाये गये? अच्छे वक्ता हैं परन्तु लेखक होने तथा पार्टी का पक्ष रखने में कमजोर ही दिखे? यह इनका दूसरा कार्यकाल होगा। बात करें सुरेश पटैल की तो जिला अध्यक्ष देवनारायण श्रीवास्तव से नजदीकि संबध हैं तथा लगातार इनके यहां उठना बैठना होता रहता है। पार्टी के कार्यक्रमों में कुछ बर्षों से आना जाने के अलावा कुछ विशेष नहीं कहा जा सकता है? बात करें आलोक गोस्वामी की तो लम्बे समय से पार्टी में कार्य कर रहे हैं कुछ बर्षों के लिये लोक जनशक्ति पार्टी में चले गये थे पुन:पार्टी में वापिसी हुई। सर्वव्यापी हैं तथा सर्व स्वीकार की स्थिति में अपने आपको स्थापित करने में माहिर हैं। इसी क्रम में अखिलेश हजारी की तो इनके कार्यकाल एवं कार्य को सभी जानते हैं सर्व व्यापी बनने के प्रयास में यह अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के लिये लगातार प्रयास करते देखे जा सकते हैं जो इनका खास गुण कहा जा सकता है। ------------------०००००००००००००००००००-------------------

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